डिंडोरी।शाहपुरा नगर में प्री-मानसून और मानसून की शुरुआती बारिश ने ही नगर परिषद की सफाई व्यवस्था की वास्तविकता उजागर कर दी। मुख्य मार्ग मैं मानस भवन के पास स्थित पुलिया और नालों की समय पर सफाई नहीं होने के कारण मंगलवार रात हुई तेज बारिश का पानी सड़कों पर भर गया। जल निकासी बाधित होने से गंदा पानी बैक मारते हुए सड़क किनारे स्थित आधा दर्जन से अधिक दुकानों में घुस गया, जिससे व्यापारियों को हजारों रुपये का नुकसान उठाना पड़ा।
सफाई नहीं होने से चोक हुई पुलिया और नालियां
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि बारिश शुरू होने से पहले ही नगर परिषद को पुलिया और बड़े नालों की सफाई कराने के लिए कई बार मौखिक और लिखित रूप से अवगत कराया गया था। इसके बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं की। परिणामस्वरूप पुलिया में जमा कचरा और गाद ने पानी की निकासी रोक दी और बारिश का पानी दुकानों तक पहुंच गया।
भीगा सामान, बढ़ी व्यापारियों की चिंता
बारिश का पानी दुकानों में घुसने से किराना, कपड़ा, इलेक्ट्रॉनिक सहित अन्य व्यापारिक प्रतिष्ठानों में रखा सामान भीग गया। व्यापारियों का कहना है कि उन्हें हजारों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है और यदि समय रहते सफाई कराई जाती तो इस स्थिति से बचा जा सकता था।
मुआवजे और स्थायी समाधान की मांग
घटना के बाद व्यापारियों में नगर परिषद के प्रति भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि जल्द ही पुलिया और नालों की समुचित सफाई कर स्थायी जल निकासी व्यवस्था नहीं बनाई गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। व्यापारियों ने प्रशासन से नुकसान का सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने की भी मांग की है।









